धौलीगंगा ने NTPC का प्रोजेक्ट बर्बाद कर दिया
ऋषिगंगा के बाद ग्लेशियर टूटने का असर तपोवन इलाके में स्थित धौलीगंगा नदी में भी देखने को मिला। धौलीगंगा और ऋषिगंगा दोनों नदियां पांच किलोमीटर के दायरे में ही हैं। धौलीगंगा के किनारे NTPC का हाइड्रो पावर प्रोजेक्ट चल रहा है। धौलीगंगा का तेज बहाव आया तो यहां का प्रोजेक्ट भी बर्बाद हो गया। यहां काम कर रहे सौ से डेढ़ सौ लोग बह गए। पानी का तेज बहाव जोशीमठ मलारिया हाईवे तक पहुंच गया था। यहां बॉर्डर रोड ऑर्गनाइजेशन (BRO) का पुल टूट गया। यहां पर भी कुछ लोगों की मौत की खबर है, लेकिन कितने ये पता नहीं।

निचले इलाकों में कोई खतरा नहीं
ऋषिगंगा और धौलीगंगा का जलस्तर बढ़ा तो आस-पास की नदियां भी उफान पर आ गईं। इनका जलस्तर भी दोगुना बढ़ गया। हालांकि, पानी के बहाव की रफ्तार सुबह के मुकाबले शाम होते-होते काफी कम हो गई। इसलिए निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को अब कोई खतरा नहीं है। इन दोनों नदियों से सटे पीपल कोटी, नंदप्रयाग, कर्णप्रयाण, रुद्रप्रयाग, श्रीनगर, ऋषिकेश और हरिद्वार में पानी का स्तर पहले के मुकाबले बढ़ा हुआ है, लेकिन इसका आम लोगों को नुकसान नहीं होगा।

जनहित याचिका की थी दायर

रैणी गांव के कुंदन सिंह व अन्य ने 2019 में जनहित याचिका दायर की थी। इनका कहना था कि गांव इसके आसपास ऋषिगंगा पावर प्रोजेक्ट के बहाने अवैध खनन हो रहा है। मलबे का निस्तारण नहीं किया जा रहा है। जिससे हो रहे पर्यावरणीय नुकसान से बड़ा खतरा पैदा हो गया है। उन्होंने फोटोग्राफ व वीडियो भी याचिका के साथ संलग्न किये थे।  रैणी के ग्रामीण शुरुआत से ही पॉवर प्रोजेक्ट कंपनी की मनमानी से त्रस्त थे। ग्रामीणों का कहना था कि कंपनी ने रोजगार देने के बहाने ग्रामीणों की जमीन का उपयोग पहले बिना मुआवजा दिए किया था और उसके नियमों को ताक पर रखकर खतरनाक गतिविधियों को अंजाम दिए। कंपनी पर्यावरण मानकों को ताक पर रखकर नदी तट पर विस्फोटक से पत्थर तोड़ा, साथ ही आंदोलन की प्रणेता गौरा देवी व साथियों के जंगल में प्रवेश करने के लिए बनाए गए ऐतिहासिक मार्ग को भी बंद कर दिया था। 15 जुलाई 2019 को हाईकोर्ट के तत्कालीन मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति रमेश रंगनाथन व न्यायमूर्ति आलोक कुमार वर्मा की खंडपीठ ने पावर प्रोजेक्ट में विस्फोटक के प्रयोग पर रोक लगाने व इस संबंध में चमोली के जिलाधिकारी व प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड से जवाब मांगा था। याचिकाकर्ता के अधिवक्ता अभिजय नेगी के अनुसार यह याचिका फिलहाल विचाराधीन हैं। अगर आप प्रभावित क्षेत्र में फंसे हैं, आपको किसी तरह की मदद की जरूरत है तो कृपया आपदा परिचालन केंद्र के नम्बर 1070 या 9557444486 पर संपर्क करें।

" />

National

HindustanVision Sunday,07 February , 2021
देवभूमि उत्तराखंड में करीब साढ़े सात साल बाद फिर से कुदरती कहर,ऋषिगंगा हाइड्रो पावर प्रोजेक्ट पूरी तरह तबाह

UTTARAKHAND NEWS , 7 FEB 2021 :  देवभूमि उत्तराखंड में करीब साढ़े सात साल बाद फिर से कुदरती कहर दिखा। हम आपको हादसे वाली जगह यानी चमोली जिले के रैणी गांव से ग्राउंड रिपोर्ट दे रहे हैं। यही वो जगह है, जहां ग्लेशियर टूटने से सबसे ज्यादा नुकसान हुआ है। चमोली जिले में एवलांच के बाद ऋषिगंगा हाइड्रो पावर प्रोजेक्ट पूरी तरह से तबाह हो गया है, जबकि धौलीगंगा पर बने हाइड्रो प्रोजेक्ट का बांध टूट गया, जिससे गंगा और उसकी सहायक नदियों में बाढ़ का खतरा पैदा हो गया है। चमोली जिले के रैनी में ग्लेशियर  फटने से आई बाढ़ को देखते हुए उत्तर प्रदेश में भी अलर्ट जारी कर दिया गया है। सूबे के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गंगा नदी के किनारे पड़ने वाले सभी जिलों के जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षकों  को पूरी तरह से मुस्तैद रहने के निर्देश दिए हैं। ग्लेशियर फटने के बाद सीएम योगी ने राज्य के सभी संबंधित विभागों और अफसरों को अलर्ट पर रहने के निर्देश दिये हैं। उन्होंने कहा कि स्थिति पर पूरी तरह नजर रखें और मुस्तैद रहें। हालात के मद्देनजर एसडीआरएफ को भी अलर्ट किया गया है। इतना ही नहीं, मुख्यमंत्री योगी ने उत्तराखंड को हर प्रकार से सहयोग करने का भी निर्देश दिया है। इसे देखते हुए राज्य में चमोली से लेकर हरिद्वार तक रेड अलर्ट जारी कर दिया गया है। जब यह हादसा हुआ, तब दोनों प्रोजेक्ट पर काफी संख्या में मजदूर कार्य कर रहे थे। इस हादसे में करीब 150 लोगों के मरने की आशंका है, जबकि 10 के शव बरामद किए गए हैं। मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत लगातार इस घटनाक्रम पर निगरानी रखे हुए हैं। सीएम ने चमोली जिले में पहुंचकर आपदा प्रभावित क्षेत्र तपोवन और रैणी का निरीक्षण किया और सभी को दिशा-निर्देश दिए, जिसके बाद वे दून के लिए रवाना हो गए हैं। 

देखते ही देखते पानी-पानी हो गया पूरा इलाका
तपोवन के रैणी गांव के पास सुबह करीब साढ़े दस बजे ग्लेशियर टूटकर ऋषिगंगा नदी में गिरा। नदी के ठीक किनारे ऋषिगंगा पावर प्रोजेक्ट का काम चल रहा है। वहीं दूसरे छोर पर रैणी गांव है। इस गांव के आस-पास रैणी चाक, लता, सुभाई, जुगाजुक्लाता गांव भी हैं।

इन गांवों में करीब दो हजार की आबादी रहती है। ग्लेशियर फटने से सबसे पहले ऋषिगंगा नदी का जलस्तर बढ़ गया। देखते ही देखते पूरा इलाका पानी-पानी हो गया। रैणी गांव में भी पानी आया, लेकिन उसका स्तर बहुत ज्यादा नहीं हुआ। इसके चलते यहां ज्यादा नुकसान भी नहीं हुआ। लेकिन ऋषिगंगा पावर प्रोजेक्ट में काम कर रहे करीब दो सौ लोग वहीं फंस गए। इनमें मजदूर से लेकर प्रोजेक्ट के ऑफिसर भी शामिल हैं।

धौलीगंगा ने NTPC का प्रोजेक्ट बर्बाद कर दिया
ऋषिगंगा के बाद ग्लेशियर टूटने का असर तपोवन इलाके में स्थित धौलीगंगा नदी में भी देखने को मिला। धौलीगंगा और ऋषिगंगा दोनों नदियां पांच किलोमीटर के दायरे में ही हैं। धौलीगंगा के किनारे NTPC का हाइड्रो पावर प्रोजेक्ट चल रहा है। धौलीगंगा का तेज बहाव आया तो यहां का प्रोजेक्ट भी बर्बाद हो गया। यहां काम कर रहे सौ से डेढ़ सौ लोग बह गए। पानी का तेज बहाव जोशीमठ मलारिया हाईवे तक पहुंच गया था। यहां बॉर्डर रोड ऑर्गनाइजेशन (BRO) का पुल टूट गया। यहां पर भी कुछ लोगों की मौत की खबर है, लेकिन कितने ये पता नहीं।

निचले इलाकों में कोई खतरा नहीं
ऋषिगंगा और धौलीगंगा का जलस्तर बढ़ा तो आस-पास की नदियां भी उफान पर आ गईं। इनका जलस्तर भी दोगुना बढ़ गया। हालांकि, पानी के बहाव की रफ्तार सुबह के मुकाबले शाम होते-होते काफी कम हो गई। इसलिए निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को अब कोई खतरा नहीं है। इन दोनों नदियों से सटे पीपल कोटी, नंदप्रयाग, कर्णप्रयाण, रुद्रप्रयाग, श्रीनगर, ऋषिकेश और हरिद्वार में पानी का स्तर पहले के मुकाबले बढ़ा हुआ है, लेकिन इसका आम लोगों को नुकसान नहीं होगा।

जनहित याचिका की थी दायर

रैणी गांव के कुंदन सिंह व अन्य ने 2019 में जनहित याचिका दायर की थी। इनका कहना था कि गांव इसके आसपास ऋषिगंगा पावर प्रोजेक्ट के बहाने अवैध खनन हो रहा है। मलबे का निस्तारण नहीं किया जा रहा है। जिससे हो रहे पर्यावरणीय नुकसान से बड़ा खतरा पैदा हो गया है। उन्होंने फोटोग्राफ व वीडियो भी याचिका के साथ संलग्न किये थे।  रैणी के ग्रामीण शुरुआत से ही पॉवर प्रोजेक्ट कंपनी की मनमानी से त्रस्त थे। ग्रामीणों का कहना था कि कंपनी ने रोजगार देने के बहाने ग्रामीणों की जमीन का उपयोग पहले बिना मुआवजा दिए किया था और उसके नियमों को ताक पर रखकर खतरनाक गतिविधियों को अंजाम दिए। कंपनी पर्यावरण मानकों को ताक पर रखकर नदी तट पर विस्फोटक से पत्थर तोड़ा, साथ ही आंदोलन की प्रणेता गौरा देवी व साथियों के जंगल में प्रवेश करने के लिए बनाए गए ऐतिहासिक मार्ग को भी बंद कर दिया था। 15 जुलाई 2019 को हाईकोर्ट के तत्कालीन मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति रमेश रंगनाथन व न्यायमूर्ति आलोक कुमार वर्मा की खंडपीठ ने पावर प्रोजेक्ट में विस्फोटक के प्रयोग पर रोक लगाने व इस संबंध में चमोली के जिलाधिकारी व प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड से जवाब मांगा था। याचिकाकर्ता के अधिवक्ता अभिजय नेगी के अनुसार यह याचिका फिलहाल विचाराधीन हैं। अगर आप प्रभावित क्षेत्र में फंसे हैं, आपको किसी तरह की मदद की जरूरत है तो कृपया आपदा परिचालन केंद्र के नम्बर 1070 या 9557444486 पर संपर्क करें।

देवभूमि उत्तराखंड में करीब साढ़े सात साल बाद फिर से कुदरती कहर,ऋषिगंगा हाइड्रो पावर प्रोजेक्ट पूरी तरह तबाह

More News

5/7/2026 8:51:09 PM
शब्द यात्रा ने जापान में लहराया भारतीय संस्कृति का परचम

FARIDABAD NEWS 07 MAY 2026 : GAUTAM : 28 अप्रैल से 6 मई तक जापान प्रवास पर गए ‘शब्द यात्रा’ समूह ने टोक्यो स्थित भारतीय दूतावास जापान में एक भव्य साहित्यिक एवं स Read More...

5/7/2026 7:54:06 PM
राष्ट्रीय लोक अदालत में आपसी समझौते से होंगे विभिन्न मामलों के निपटारे : सीजेएम जितेंद्र सिंह

FARIDABAD NEWS 07 MAY 2026 : GAUTAM : जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, फरीदाबाद द्वारा राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन 09 मई 2026 (शनिवार) को किया जाएगा। यह आयोजन जिला न्यायालय परिसर Read More...

5/7/2026 7:41:08 PM
दहेज शिकायतों पर तुरंत कार्रवाई होगी, एसडीएम को करें रिपोर्ट : डीसी आयुष सिन्हा

FARIDABAD NEWS 07 MAY 2026 : GAUTAM : हरियाणा के मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी ने आज दहेज निषेध अधिनियम, 1961 के प्रभावी क्रियान्वयन, मामलों की समीक्षा तथा जन-जागरूकता गतिविधियो Read More...

5/7/2026 7:30:14 PM
यूनियन के माध्यम से ज्ञापन रूपी माँग पत्र सौंपे

FARIDABAD NEWS 07 MAY 2026 : GAUTAM : दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम सर्कल फरीदाबाद की तमाम सब डिवीजनों, डिवीजनों में हरियाणा कर्मचारी महासंघ से संबंधित हरियाणा स्टेट इलेक् Read More...

5/7/2026 7:25:22 PM
जे.सी. बोस विश्वविद्यालय में छात्र कल्याण एवं परामर्श विषय पर विशेषज्ञ व्याख्यान आयोजित

FARIDABAD NEWS 07 MAY 2026 : GAUTAM : जे.सी. बोस विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, वाईएमसीए, फरीदाबाद के कंप्यूटर साइंस एवं एप्लीकेशंस विभाग द्वारा छात्र स्वस्थ्य एवं Read More...

5/7/2026 7:21:13 PM
पंचकुला में भाजपा के पक्ष में मजबूत होता जनसमर्थन,विपुल गोयल ने किया सभाओं को संबोधित

PANCHKULA NEWS 07 MAY 2026 : GAUTAM : पंचकुला में नगर निकाय चुनाव के मद्देनज़र भारतीय जनता पार्टी के पक्ष में जनसमर्थन निरंतर सुदृढ़ होता दिखाई दे रहा है। हरियाणा सरकार के क Read More...

5/7/2026 7:17:03 PM
जीवन ज्योत कौर ने खिलाड़ियों को दी बधाई, कहा- युवा खिलाड़ी देश का नाम करेंगे रोशन

FARIDABAD NEWS 07 MAY 2026 : GAUTAM : ऑल इंडिया फ्रीस्टाइल किकबॉक्सिंग चैंपियनशिप 2026, जो 1 मई से 4 मई तक राजगढ़, राजस्थान में आयोजित की गई, में खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर् Read More...

5/7/2026 7:09:56 PM
अरूट जी महाराज की प्रतिमा स्थापित करने की मांग

FARIDABAD NEWS 07 MAY 2026 : GAUTAM : समस्त ग्लोबल पंजाबी जागृति सोसायटी के एक प्रतिनिधिमंडल ने बुधवार को भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता एवं हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सि Read More...


Welcome